तेरी नजर झुके तो शाम ढले
जो उठे नजर तो सुबह चले
तेरी नजर झुके तो शाम ढले
जो उठे नजर तो सुबह चले
तू हँसे तो कलियाँ खिल जाये
तुझे देख के नूर भी शरमाए
तेरी बिखरी बिखरी जुल्फें
तेरी महकी महकी सांसे
तेरी कोयल जैसी बोली
तेरी मीठी मीठी बातें
जी चाहे मेरा मैं यूँ ही
तेरा करता रहूँ दीदार
कुदरत ने बनाया होगा
फुरसत से तुझे मेरे यार
कुदरत ने बनाया होगा
फुरसत से तुझे मेरे यार
कितना हसीन चेहरा
कितनी प्यारी आँखें